काठमांडू, नेपाल की संसद के उच्च सदन राष्ट्रीय सभा की विकास, आर्थिक मामलों तथा सुशासन समिति ने भारतीय सीमा क्षेत्रों में आम लोगों को हो रही परेशानी को तत्काल रोकने के लिए सरकार को निर्देश दिया है।

भारत से लाए जाने वाले 100 रुपये से अधिक मूल्य के घरेलू सामान पर भी कस्टम ड्यूटी लगाने का नियम लागू कर जनता को परेशान किए जाने का आरोप लगाते हुए समिति ने बुधवार को इस व्यवस्था को तुरंत रोकने का निर्देश दिया। समिति के सभापति कृष्ण प्रसाद पौडेल ने कहा कि सरकार सीमा क्षेत्र के नागरिकों की दैनिक जरूरतों और बुनियादी आवश्यकताओं की अनदेखी करते हुए कस्टम ड्यूटी की व्यवस्था को सख्त बना रही है।

उन्होंने कहा, “जनप्रतिनिधि होने के नाते हमें जनता की रोजमर्रा की जरूरतों और समस्याओं को देखना चाहिए। सीमा क्षेत्र के नागरिक अपनी आजीविका चलाने के लिए भारत से कुछ सस्ते सामान लाकर गुजारा करते हैं। लेकिन सरकार ने 100 रुपये से अधिक के सामान पर भी कस्टम शुल्क अनिवार्य कर उनकी बुनियादी जरूरतों और जीवनयापन को नजरअंदाज किया है।”

समिति की बैठक में सदस्यों ने सीमा क्षेत्रों में उत्पन्न इस समस्या पर गंभीर ध्यान आकर्षित कराया। सांसदों के सुझाव और राय के आधार पर समिति ने सरकार से इस अव्यावहारिक निर्णय को वापस लेने और सीमा क्षेत्र के लोगों को कस्टम के नाम पर दी जा रही परेशानी को तत्काल रोकने का निर्देश देने का निर्णय लिया है।