उज्जैन में सोमवार को निकलेगी भगवान महाकाल की सावन-भादौ मास की पांचवीं सवारी
नगर भ्रमण कर अपनी प्रजा का हाल जानेंगे अवंतिकानाथ, पांच स्वरूपों में भक्तों को देंगे दर्शन
उज्जैन, मध्य प्रदेश के उज्जैन में विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग
भगवान महाकाल की सावन- भादौ मास में निकलने वाली सवारियों की क्रम में
सोमवार, 31 अगस्त को पांचवीं सवारी धूमधाम से निकलेगी। इस दौरान अवंतिकानाथ
नगर का भ्रमण कर अपनी प्रजा का हाल जानेंगे। सवारी के दौरान बाबा महाकाल
पांच स्वरूपों में भक्तों को दर्शन देंगे।
राजाधिराज भगवान श्री
महाकालेश्वर की सवारी की इस बार सबसे खास बात इसकी थीम है, जिसमें महाकाल
बाबा के साथ उज्जैन के पौराणिक '84 महादेव' की भव्य झांकियां श्रद्धालुओं
के आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
मंदिर के पुजारी पं. महेश शर्मा ने
बताया कि पांचवीं सवारी में भगवान श्री महाकाल चांदी की पालकी: श्री
चंद्रमौलेश्वर, हाथी पर: श्री मनमहेश, गरुड़ रथ पर: श्री शिव तांडव, नंदी
रथ पर: श्री उमा-महेश और डोल रथ पर: होल्कर स्टेट के पारंपरिक स्वरूप का
मुखौटा स्वरूप में नगर का भ्रमण कर अपने भक्तों को दर्शन देंगे।.
मंदिर
के सभा मंडप में विधिवत पूजन-अर्चन के बाद शाम 4:00 बजे बाबा की पालकी
मंदिर से बाहर निकलेगी। महाकाल घाटी, गुदरी, बक्षी बाजार, कहारवाड़ी होकर
पालकी रामघाट पहुंचेगी, जहां शिप्रा जल से भगवान का अभिषेक किया जाएगा।
इसके बाद सवारी कार्तिक चौक, ढाबा रोड, छत्री चौक, गोपाल मंदिर और पटनी
बाजार होते हुए रात 8:00 बजे पुनः महाकालेश्वर मंदिर लौटेगी।














