मेदिनीपुर,  पश्चिम मेदिनीपुर जिले के गोआलतोड़ स्थित केवाकोल ग्रामीण अस्पताल परिसर के महिला शौचालय से मोबाइल फोन मिलने की घटना को लेकर क्षेत्र में भारी तनाव व्याप्त है। इस संवेदनशील मामले ने अब राजनीतिक रूप ले लिया है। घटना के 48 घंटे बाद भी किसी की गिरफ्तारी न होने के विरोध में शनिवार को भाजपा महिला मोर्चा ने अस्पताल और पुलिस थाने पर प्रदर्शन किया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुवार (22 जनवरी) को स्थानीय व्यवसायी मामणि महतो अस्पताल परिसर स्थित महिला शौचालय में गई थीं। वहां उन्होंने देखा कि दरवाजे के ऊपरी हिस्से (कार्निस) पर एक मोबाइल फोन रखा हुआ है, जिसका कैमरा उनकी ओर निर्देशित था। पीड़िता का आरोप है कि फोन को इस तरह रखा गया था कि शौचालय और स्नानघर की गतिविधियों को रिकॉर्ड किया जा सके।

घटना के तुरंत बाद महिला ने अपने पति को सूचित किया, जिन्होंने मोबाइल फोन अस्पताल के प्रभारी स्वास्थ्य अधिकारी मलय चोंगदार को सौंप दिया। अस्पताल प्रबंधन ने तत्काल गोआलतोड़ थाना पुलिस को सूचित किया, जिसके बाद पुलिस ने मोबाइल जब्त कर लिया। अस्पताल प्रबंधन की ओर से इस संबंध में एक लिखित प्राथमिकी (एफआईआर) भी दर्ज कराई गई है।

शनिवार भाजपा महिला मोर्चा की नेत्री शम्पा भट्टाचार्य के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने थाने में डेप्युटेशन सौंपा। भाजपा का आरोप है कि घटना के दो दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस किसी निष्कर्ष पर नहीं पहूंची है और न ही अपराधी की पहचान हो पाई है।

शम्पा भट्टाचार्य ने यह भी कहा, "यह महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान का गंभीर मामला है, लेकिन पुलिस की निष्क्रियता प्रशासन की मंशा पर सवाल उठा रही है।"

दूसरी ओर शनिवार देर शाम, गड़बेता-दो पंचायत समिति के सभापति दीनबंधु महतो ने कहा कि, "अस्पताल प्रशासन ने उचित कदम उठाए हैं और पुलिस अपनी जांच कर रही है। उन्होंने विपक्षी दल पर मामले का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया।"

शनिवार को देर शाम फोन करने पर अस्पताल के प्रभारी अधिकारी मलय चोंगदार ने स्पष्ट किया कि "मोबाइल मिलने के कुछ ही मिनटों के भीतर उसे पुलिस को सौंप दिया गया था। वहीं, जिला पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मोबाइल की फॉरेंसिक जांच और कॉल रिकॉर्ड के आधार पर आरोपित की तलाश की जा रही है।"