सक्रिय माओवादी हथियार छोड़कर मुख्यधारा में लौटें, मिलेगी पूरी सुरक्षा व पुनर्वास: सीआरपीएफ आईजी
रांची (RANCHI): झारखंड सेक्टर के केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के महानिरीक्षक (आईजी) साकेत कुमार सिंह ने राज्य में बचे हुए सक्रिय माओवादियों से हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटने की अपील की है. वे मंगलवार को रांची में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह अपील की.
सरेंडर करने वालों को किसी प्रकार का नुकसान नहीं पहुंचाया जाएगा:आईजी
आईजी साकेत कुमार सिंह ने कहा कि जो माओवादी आत्मसमर्पण करना चाहते हैं, उन्हें झारखंड सरकार की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति के तहत पूरी सुरक्षा, आवश्यक सुविधाएं और सम्मानजनक पुनर्वास का अवसर दिया जाएगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि माओवादी किसी भी नजदीकी सुरक्षा बल कैंप में जाकर आत्मसमर्पण कर सकते हैं और सरेंडर करने वालों को किसी प्रकार का नुकसान नहीं पहुंचाया जाएगा. उन्होंने कहा कि कुछ शीर्ष माओवादी नेता युवाओं को गुमराह कर उन्हें हिंसा के रास्ते पर धकेल रहे हैं, जबकि हाल के सुरक्षा अभियानों ने यह साबित कर दिया है कि माओवादी हिंसा का रास्ता केवल विनाश की ओर ले जाता है. आईजी ने युवाओं से अपील की कि वे बहकावे में न आएं और शांतिपूर्ण जीवन की ओर लौटें.
आईजी साकेत कुमार सिंह ने जानकारी दी कि वर्तमान में झारखंड में लगभग 65 माओवादी सक्रिय हैं. इनमें सबसे अधिक पश्चिमी सिंहभूम जिले में 48 माओवादी सक्रिय हैं. इसके अलावा पलामू में तीन, चतरा में चार, हजारीबाग में दो और लातेहार में चार माओवादी सक्रिय बताए गए हैं. उन्होंने कहा कि सुरक्षा बल माओवादी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और राज्य में शांति बहाल करने के लिए अभियान जारी रहेगा.















