रांची (RANCHI): सारे जहां में नए साल की शुरुआत हो चुकी है. सबसे पहले 2026 का आगाज किरिबाती के किरीटीमाटी द्वीप से हुआ. किरिबाती को किरिबास भी कहा जाता है. यह कई एटोल से बना द्वीप समूह है. यहां अपने देश भारत से साढ़े आठ घंटे पहले नया साल शुरू होता है.


लोगों ने गुब्बारे उड़ाकर किया नए साल का स्वागत 

भारत में भी नए साल 2026 का आगाज हो चुका है. भारत के शहरों में रंग-बिरंगी रोशनी, आतिशबाजी और संगीत के साथ लोगों ने जश्न मनाया. महाराष्ट्र के पुणे में लोगों ने गुब्बारे उड़ाकर नए साल का स्वागत किया.

लोगों ने त्साह और उम्मीदों के साथ की 2026 की शुरुआत

दिल्ली-एनसीआर समेत मुंबई, अमृतसर, हैदराबाद, ग्वालियर, बंगलूरू, सोनमर्ग के अलावा फिलीपींस की राजधानी मनीला, चीन, हांगकांग, मलेशिया के कुआलालंपुर, सिंगापुर, दक्षिण कोरिया, उत्तर कोरिया, जापान, ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में लोगों ने 2026 की शुरुआत पूरे उत्साह और उम्मीदों के साथ की. लोगों ने बीते वर्ष को विदा कर नई उम्मीदों, संकल्पों और खुशियों के साथ नए साल का स्वागत किया. डाउनटाउन में देश की सबसे ऊंची इमारत स्काई टावर से शानदार आतिशबाजी की गई.

ऑकलैंड में आतिशबाजी के साथ नए साल का स्वागत

असम के गुवाहाटी में साल 2025 के आखिरी दिन सूर्यास्त के मनमोहक दृश्य सामने आए. ब्रह्मपुत्र नदी के किनारे आसमान सुनहरे, नारंगी और लाल रंगों में रंगा नजर आया. न्यूजीलैंड की राजधानी ऑकलैंड में आतिशबाजी के साथ नए साल का स्वागत किया गया. बारिश से भीगे मौसम के बीच 2026 का स्वागत हुआ.

राष्ट्रपति ने देश और विदेश में रहने वाले सभी भारतीयों को दी बधाई 

नए साल की पूर्व संध्या पर भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने देशवासियों को बधाई दी. उन्होंने सभी नागरिकों से राष्ट्र के विकास, सामाजिक सद्भाव और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को और मजबूत करने का आह्वान किया. राष्ट्रपति ने कहा कि नया साल नई ऊर्जा और सकारात्मक बदलाव का प्रतीक है. उन्होंने इसे आत्म-चिंतन और नए संकल्प लेने का अवसर बताया. राष्ट्रपति ने देश और विदेश में रहने वाले सभी भारतीयों को हार्दिक बधाई देते हुए कहा, ईश्वर करे कि वर्ष 2026 हमारे जीवन में शांति, सुख और समृद्धि लेकर आए. उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह नया साल एक मजबूत और अधिक समृद्ध भारत के निर्माण के लिए नई ऊर्जा का संचार करेगा.