बिहार विधानसभा में विपक्षी सदस्यों ने नीट पेपर लीक लेकर मुख्य पोर्टिको तक निकाला विरोध मार्च
पटना (PATNA): बिहार विधानसभा में मानसून सत्र के पहले दिन विपक्षी सदस्यों ने नीट पेपर लीक मामले को लेकर मुख्य गेट से पोर्टिको तक विरोध मार्च निकाला। इसके बाद सदस्यों ने पोर्टिको में काफी देर तक सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
जंतर-मंतर पर पिछले 23 दिनों से अनशन जारी
राजद, कांग्रेस और वामपंथी दलों ने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने नीट मामले को लेकर केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग की। वामपंथी विधायक अजय कुमार ने बताया कि नीट पेपर लीक के विरोध में जंतर-मंतर पर पिछले 23 दिनों से अनशन जारी है। इसके अलावा, सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के साथ किए गए दुर्व्यवहार के खिलाफ भी यह प्रदर्शन किया गया है। विपक्ष ने इन सभी मुद्दों को लेकर सदन के बाहर मार्च किया। उन्होंने केंद्र सरकार की तानाशाही नीतियों और दमनकारी फैसलों का कड़ा विरोध दर्ज कराया।
12 वर्षों के कार्यकाल में 152 बार पेपर लीक की घटनाएं हुई
राजद नेता सुनील कुमार सिंह ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल में 152 बार पेपर लीक की घटनाएं हुई हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बिहार का भविष्य अंधकार में डूब रहा है और भ्रष्टाचार चरम पर है। महंगाई के साथ-साथ बेरोजगारी से युवा बुरी तरह परेशान हैं, लेकिन सरकार उनकी कोई बात नहीं सुन रही है।
उर्दू भाषा की पढ़ाई सुनिश्चित न होने के खिलाफ भी हुआ प्रदर्शन
सत्र के पहले दिन एआईएमआईएम के विधायकों ने भी विधानसभा परिसर में अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। उन्होंने डिग्री कॉलेजों में उर्दू भाषा की पढ़ाई सुनिश्चित न होने के खिलाफ नाराजगी जाहिर की।
विधायकों ने लगाया आरोप
विधायकों ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार एक सोची-समझी साजिश के तहत काम कर रही है। वे उर्दू भाषा के अस्तित्व को समाप्त करने की कोशिशों के खिलाफ लगातार आवाज उठाते रहेंगे।
भाई वीरेंद्र ने विद्यालयों के भगवा रंग से रंगने पर उठाय सवाल
इससे पहले सदन की कार्यवाही में शामिल होने पहुंचे राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि विद्यालय भगवा नहीं होता है। तिरंगा में अगर करते तो बात समझ में आती। देश का तिरंगा तीन रंग का होता है, तीनों रंग में अगर स्कूल का रंग करते तो समझा जा सकता था लेकिन स्कूल का रंग भगवा करना हमलोगों के समझ से परे है। इसको समझने के बाद हमलोग राज्यव्यापी चर्चा का विषय रखेंगे।
उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में महागठबंधन इसपर चर्चा करेगा कि आखिर भगवा रंग से स्कूल को क्यों रंगा गया। ये सब गलत बात है, किसी की सरकार आती जाती है। स्कूलों के रंग को आप भगवाकरण कीजिएगा तो संदेश गलत जाएगा। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री ज्यादा उजबुज कर रहे हैं। उनसे मैं कहूंगा कि उजबुजाइए मत, आपका सारा चिट्ठा हमलोगों के पास है और अगर उजबुजाइएगा तो काम खराब हो जाएगा। तेजस्वी यादव के सदन से गायब रहने के सवाल पर राजद विधायक ने कहा कि आप लोगों के पास तो सिर्फ यही सवाल है। अगर भाई वीरेंद्र हैं तो तेजस्वी यादव हैं। पार्टी का हर कार्यकर्ता तेजस्वी यादव के रूप में काम कर रहा है।















